भारतीय तटरक्षक बल ने एक बार फिर अरब सागर में कार्रवाई की है। तटरक्षक बल ने अरब सागर में ईरानी मछली पकड़ने वाले जहाज को हिरासत में लिया है। मीडिया रिपोर्ट की मानें तो जहाज में सवार छह भारतीय चालक दल के सदस्यों को अनुबंध के आधार पर ईरान ले जाया जा रहा था लेकिन नाव के मालिक द्वारा शोषण और दुर्व्यवाहर की रिपोर्ट मिलते ही उन्हें पकड़ लिया गया। भारतीय तट रक्षक समुद्री सुरक्षा के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का प्रदर्शन करते हुए कार्रवाई की। जहाज को कोच्चि लाया गया है। यहां आरोपों सहित अन्य पहलुओं की जांच की जाएगी। भारतीय तटरक्षक दल ने एक्स पर पोस्ट करते हिए कहा कि केरल तट के पश्चिम में अरब सागर में ईरानी मछली पकड़ने वाले जहाज को रोका और हिरासत में लिया। जहाज में छह भारतीय सवार थे, जो ईरान में अनुबंध के आधार पर कार्यरत थे। चालक दल ने नाव के मालिक पर शोषण का आरोप लगाया था। समुद्री सुरक्षा को कायम रखना हमारी प्रतिबद्धता है। आईसीजी की कार्रवाई नाविकों की भलाई की रक्षा और समुद्री कानूनों के कार्यान्वयन को लेकर समर्पित है। हालांकि, अभी तक अधिकारियों ने शोषण के प्रकृति का खुलासा नहीं किया है। भारतीय तट रक्षक बलों हाल ही में बीच समुद्र में फंसे 27 बांग्लादेशी मछुआरों की जान बचाई और एक दिन बाद उन्हें बांग्लादेश को सौंप दिया। भारतीय तट रक्षक बल ने पहले तो उनकी नांव को ठीक करने की कोशिश की थी, जब नांव ठीक नहीं हो पाई तो सभी को सुरक्षित निकाल लिया। कोलकाता स्थित भारतीय तट रक्षक क्षेत्रीय मुख्यालय के एक अधिकारी ने कहा, तट रक्षक बल का आदर्श वाक्य है वयम् रक्षाम (हम रक्षा करते हैं), जिसे हमने साबित करके दिखाया। बल ने बताया कि पिछले गुरुवार को रात करीब 11.30 बजे भारतीय तटरक्षक जहाज अमोघ ने भारत-बांग्लादेश अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा रेखा (आईएमबीएल) पर गश्त के दौरान एक बांग्लादेशी मछली पकड़ने वाली नाव को भारतीय जल सीमा में देखा। आईसीजी जहाज ने जांच के लिए बोर्डिंग टीम को भेजा तो पता चला कि नाव का पिछले दो दिनों से स्टीयरिंग गियर खराब है और तब से वह भटक ही रही थी। इसी वजह से भटकते-भटकते नाव भारतीय जल सीमा में आ गई थी।
भारतीय तटरक्षक बल ने ईरानी मछुआरों की नावें जब्त कर लीं
